भारत विश्व का सबसे अधिक जनसंख्या वाला देश बन गया है। जनसंख्या वृद्धि एक ओर युवा शक्ति देती है, दूसरी ओर संसाधनों पर दबाव डालती है। 2026 तक भारत की आबादी 145 करोड़ से अधिक होगी।
Demographic Dividend से भारत लाभ उठा सकता है। नीति आयोग ने Replacement Rate के बारे में सरकार से जागरूक नीति बनाने को कहा है।
UP, Bihar, Rajasthan जैसे राज्यों में उच्च जनन दर है। शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार से जन्म दर नियंत्रित हो सकती है।
जनसंख्या नियंत्रण में महिला सशक्तिकरण की प्रमुख भूमिका है। Beti Bachao-Beti Padhao और सिंचाई से लिंग अनुपात सुधरा है।
जनसंख्या नियंत्रण आने वाले दशकों की सबसे बड़ी जरूरत है। आर्थिक विकास और जनसंख्या नियंत्रण साथ-साथ चलेंगे तो ही शक्तिशाली भारत संभव है।